सेंट जोसेफ स्कूल में वार्षिक समारोह की धूम, विद्यार्थियों ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से मोहा मन | फिल्म अभिनेत्री ऋतु शिवपुरी रहीं मुख्य अतिथि
सेंट जोसेफ स्कूल में वार्षिक समारोह की धूम, विद्यार्थियों ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से मोहा मन
फिल्म अभिनेत्री ऋतु शिवपुरी रहीं मुख्य अतिथि
मेधावी विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों को किया गया सम्मानित

ग्रेटर नोएडा। सेक्टर अल्फा-1 स्थित सेंट जोसेफ स्कूल में गुरुवार को प्राथमिक कक्षाओं का वार्षिक दिवस समारोह हर्षोल्लास के साथ आयोजित किया गया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने गीत, संगीत, नृत्य, नाटक और अन्य सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से अपनी प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन किया। समारोह में फिल्म अभिनेत्री ऋतु शिवपुरी मुख्य अतिथि तथा पंजाब के गुरु कृपा समूह के अध्यक्ष और सामाजिक संस्था एक नूर के संस्थापक धर्मेंद्र नरूला विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।कार्यक्रम का शुभारंभ प्रधानाचार्य फादर जिप्सन पलाटी, मुख्य अतिथि और अन्य गणमान्य अतिथियों ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। इसके बाद विद्यार्थियों ने वैदिक मंत्र ‘ॐ असतो मा सद्गमय’ का सुमधुर गायन प्रस्तुत किया। सांस्कृतिक कार्यक्रमों में दक्षिण अफ्रीका, स्पेन, जापान सहित विभिन्न देशों की सभ्यता और संस्कृति के साथ भारतीय संस्कृति की विविधता को भी दर्शाया गया। विद्यार्थियों की आकर्षक प्रस्तुतियों को दर्शकों ने तालियों के साथ सराहा।
समारोह के दौरान पिछले शैक्षणिक सत्र में कक्षा 10वीं और 12वीं की बोर्ड परीक्षाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को उनके अभिभावकों के साथ सम्मानित किया गया। इसके अलावा विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय प्रतिभा प्रदर्शित करने वाले विद्यार्थियों को भी पुरस्कृत किया गया। इस अवसर पर अभिभावकों की उपस्थिति ने विद्यार्थियों का उत्साह बढ़ाया। कार्यक्रम के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि कठिन परिश्रम, अनुशासन और निरंतर प्रयास से सफलता प्राप्त की जा सकती है।
मुख्य अतिथि ऋतु शिवपुरी ने विद्यार्थियों की प्रतिभा और प्रस्तुतियों की सराहना की। वह अपने समय के चर्चित अभिनेता ओम शिवपुरी की पुत्री हैं और फिल्म जगत में अपनी पहचान बना चुकी हैं। विशिष्ट अतिथि धर्मेंद्र नरूला ने भी बच्चों की प्रतिभा की प्रशंसा करते हुए कहा कि इस स्तर की प्रस्तुतियां विद्यार्थियों की मेहनत, शिक्षकों के मार्गदर्शन और अभिभावकों के सहयोग का परिणाम हैं। उन्होंने कहा कि सफलता मिलने पर व्यक्ति को अहंकार से दूर रहना चाहिए और अपनी सफलता तथा असफलता दोनों को ईश्वर को समर्पित करना चाहिए। उन्होंने संत कबीर के दोहे “जब मैं था तब हरि नहीं, अब हरि हैं मैं नाहिं” के माध्यम से विनम्रता का संदेश दिया।समारोह में विद्यालय के प्रधानाचार्य फादर जिप्सन पलाटी, प्रबंधक फादर एंड्रयू कोरिया, पूर्व प्रधानाचार्य फादर पॉल थानीकाल, पूर्व प्राथमिक कक्षाओं की मुख्य अध्यापिका सिस्टर मेरी चेरियन (सिस्टर विजया), सिस्टर प्रेमा, फादर के.के. थॉमस, फादर शाजी पालामट्टम और फादर सबेस्टियन कल्लिथानम सहित विभिन्न विद्यालयों के प्रतिनिधि, शिक्षक-शिक्षिकाएं और अभिभावक उपस्थित रहे।उल्लेखनीय है कि विद्यालय में वार्षिक समारोह दो दिनों तक आयोजित किया गया। बुधवार को पूर्व प्राथमिक कक्षाओं के विद्यार्थियों ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया था, जबकि गुरुवार को प्राथमिक कक्षाओं का वार्षिक दिवस समारोह संपन्न हुआ।
अंत में प्रधानाचार्य फादर जिप्सन पलाटी ने विद्यार्थियों की उपलब्धियों का श्रेय विद्यालय के साथ-साथ उनके अभिभावकों और परिवारजनों के सहयोग को भी दिया। उन्होंने कहा कि बच्चों के सर्वांगीण विकास में अभिभावकों और शिक्षकों की भूमिका महत्वपूर्ण है। उन्होंने अभिभावकों से विद्यालय के साथ विश्वास और सहयोग का संबंध बनाए रखने की अपील करते हुए कहा कि शिक्षक और माता-पिता ही ऐसे लोग हैं, जो बच्चों को स्वयं से आगे बढ़ते देखकर प्रसन्न होते हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि विद्यालय और अभिभावकों के संयुक्त प्रयासों से एक स्वस्थ और बेहतर समाज के निर्माण में योगदान दिया जा सकता है।




