GautambudhnagarGD GOENKA PUBLIC SCHOOLGreater noida news

जी.डी. गोयंका पब्लिक स्कूल में ‘गूँज’ सांस्कृतिक प्रतियोगिता का आयोजन, विद्यार्थियों ने दिखाई प्रतिभा

जी.डी. गोयंका पब्लिक स्कूल में ‘गूँज’ सांस्कृतिक प्रतियोगिता का आयोजन, विद्यार्थियों ने दिखाई प्रतिभा

ग्रेटर नोएडा। स्वर्ण नगरी स्थित जी.डी. गोयंका पब्लिक स्कूल में मंगलवार, 13 अक्टूबर 2026 को अंतरविद्यालयी सांस्कृतिक प्रतियोगिता ‘गूँज – द रेज़ोनेंस ऑफ़ इंडियन कल्चर’ का भव्य आयोजन किया गया। इस प्रतियोगिता में प्री-नर्सरी से कक्षा पाँचवीं तक के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और अपनी रचनात्मकता, प्रतिभा तथा सांस्कृतिक अभिव्यक्ति का शानदार प्रदर्शन किया।

कार्यक्रम में विद्यार्थियों की आयु और कक्षाओं के अनुसार विभिन्न रोचक प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। प्री-नर्सरी एवं नर्सरी के विद्यार्थियों ने रूई से चित्रकारी और उत्तर भारतीय वेशभूषा में रैम्प वॉक के माध्यम से अपनी प्रतिभा दिखाई। वहीं, एलकेजी एवं यूकेजी के विद्यार्थियों ने सब्जियों से चित्रकारी और दक्षिण भारतीय पारंपरिक वेशभूषा में रैम्प वॉक कर दर्शकों का मन मोह लिया।

कक्षा प्रथम एवं द्वितीय के विद्यार्थियों के लिए कागज की कलाकृति बनाने, बिना अग्नि के व्यंजन तैयार करने तथा पूर्वोत्तर भारतीय वेशभूषा में रैम्प वॉक जैसी प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। इन गतिविधियों के माध्यम से बच्चों की कल्पनाशीलता, कलात्मक कौशल और विभिन्न क्षेत्रों की सांस्कृतिक परंपराओं के प्रति उनकी समझ को प्रदर्शित किया गया।वहीं, कक्षा तृतीय से पंचम तक के विद्यार्थियों ने लोकनृत्य, समूहगान, वाद्य संगीत और सांस्कृतिक प्रश्नोत्तरी में भाग लेकर भारतीय कला एवं संस्कृति की विविधता को प्रस्तुत किया। सभी प्रतियोगिताओं में विद्यार्थियों का उत्साह और आत्मविश्वास देखने योग्य रहा।इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों की छिपी प्रतिभाओं को मंच प्रदान करना, उनकी रचनात्मकता को प्रोत्साहित करना तथा भारतीय संस्कृति, परंपराओं और विरासत के प्रति सम्मान की भावना विकसित करना था। प्रतियोगिता ने विद्यार्थियों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने के साथ-साथ भारत की विविध सांस्कृतिक परंपराओं को जानने और समझने का अवसर भी प्रदान किया।

‘गूँज’ के माध्यम से विद्यालय ने शिक्षा के साथ-साथ कला, संस्कृति और रचनात्मक गतिविधियों के महत्व को रेखांकित किया। यह आयोजन विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास और भारतीय सांस्कृतिक मूल्यों को नई पीढ़ी तक पहुँचाने की दिशा में एक सार्थक पहल साबित हुआ।

Related Articles

Back to top button