प्रभावी संचार कौशल एवं जनरेटिव एआई विषय पर एक सप्ताहीय स्टाफ डेवलपमेंट प्रोग्राम (एसडीपी ) का हुआ आयोजन
प्रभावी संचार कौशल एवं जनरेटिव एआई विषय पर एक सप्ताहीय स्टाफ डेवलपमेंट प्रोग्राम (एसडीपी ) का हुआ आयोजन

ग्रेटर नोएडा । स्कूल ऑफ मैनेजमेंट स्टडीज , आई.टी.एस. इंजीनियरिंग कॉलेज, ग्रेटर नोएडा द्वारा एक सप्ताहीय स्टाफ डेवलपमेंट प्रोग्राम (एसडीपी ) का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य संकाय सदस्यों एवं कर्मचारियों के प्रभावी संचार कौशल (Effective Communication Skills) तथा जनरेटिव एआई (Generative AI) संबंधी ज्ञान एवं दक्षताओं का विकास करना था, ताकि वे आधुनिक शैक्षणिक एवं व्यावसायिक परिवेश की आवश्यकताओं के अनुरूप स्वयं को सशक्त बना सकें।कार्यक्रम के प्रथम दिवस पर अभिषेक राय ने “प्रभावी संचार के मूलभूत सिद्धांत” विषय पर सत्र आयोजित किया। इस दौरान संचार प्रक्रिया एवं मॉडल, मौखिक एवं अमौखिक संचार, प्रभावी संचार में आने वाली बाधाएँ एवं उनके समाधान, सक्रिय श्रवण कौशल तथा स्पोकन इंग्लिश जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत चर्चा की गई। प्रतिभागियों को प्रभावी संचार के सिद्धांतों एवं उनके व्यावहारिक उपयोग की जानकारी प्राप्त हुई।
द्वितीय दिवस पर आलोक कुमार द्वारा “अंतरव्यक्तिक एवं व्यावसायिक संचार” विषय पर सत्र आयोजित किए गए। सत्रों में अंतरव्यक्तिक संचार कौशल, भावनात्मक बुद्धिमत्ता एवं कार्यस्थल संचार, टीम संचार एवं सहयोग, संघर्ष समाधान तथा प्रभावी फीडबैक तंत्र जैसे विषयों को शामिल किया गया। इन सत्रों ने प्रतिभागियों को कार्यस्थल पर बेहतर संबंध स्थापित करने तथा टीम वर्क को सुदृढ़ बनाने के लिए प्रेरित किया।तृतीय दिवस पर शार्देन्दु भूषण सिन्हा ने “प्रस्तुतीकरण एवं नेतृत्व संचार” विषय पर प्रशिक्षण प्रदान किया। सत्रों में प्रभावी प्रस्तुतीकरण कौशल, सार्वजनिक वक्तृत्व कला, श्रोताओं की सहभागिता, नेतृत्व एवं प्रबंधकीय संचार, वार्ता कौशल, प्रभावी संवाद तथा बैठक प्रबंधन जैसे विषयों पर चर्चा की गई। व्यावहारिक गतिविधियों के माध्यम से प्रतिभागियों का आत्मविश्वास एवं प्रस्तुतीकरण क्षमता विकसित हुई।चतुर्थ दिवस पर अभिषेक राय द्वारा “कार्यालयी संचार एवं व्यावसायिक शिष्टाचार” विषय पर प्रशिक्षण दिया गया। इस दौरान आधिकारिक पत्राचार, नोटिस, परिपत्र एवं ज्ञापन लेखन, व्यावसायिक ई-मेल लेखन एवं नेटिक्वेट, रिपोर्ट लेखन एवं प्रलेखन कौशल, टेलीफोन, वर्चुअल मीटिंग तथा कार्यालयी शिष्टाचार जैसे विषयों पर विस्तृत जानकारी प्रदान की गई। प्रतिभागियों ने प्रभावी कार्यालयी संचार के विभिन्न पहलुओं को समझा तथा व्यावहारिक रूप से सीखा।कार्यक्रम के अंतिम दिवस पर सरबजीत सिंह ने “व्यावसायिक उत्कृष्टता हेतु जनरेटिव एआई” विषय पर प्रशिक्षण प्रदान किया। सत्रों में जनरेटिव एआई का परिचय एवं उभरते रुझान, प्रभावी संचार हेतु प्रॉम्प्ट इंजीनियरिंग, ई-मेल, रिपोर्ट एवं आधिकारिक दस्तावेजों के एआई-सहायता प्राप्त प्रारूपण, प्रस्तुतिकरण, शोध एवं कंटेंट निर्माण में एआई का उपयोग तथा कार्यस्थल पर एआई के नैतिक एवं जिम्मेदार उपयोग जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा की गई। इसके अतिरिक्त प्रतिभागियों को हैंड्स-ऑन प्रैक्टिस, केस स्टडी एवं समूह गतिविधियों के माध्यम से एआई उपकरणों के व्यावहारिक उपयोग का अनुभव प्राप्त हुआ।
पूरे कार्यक्रम के दौरान प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की तथा विभिन्न गतिविधियों, चर्चाओं एवं व्यावहारिक अभ्यासों में सक्रिय रूप से भाग लिया। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम ने प्रतिभागियों के संचार कौशल, व्यावसायिक दक्षता तथा डिजिटल क्षमताओं को सुदृढ़ बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।यह कार्यक्रम डॉ. मयंक गर्ग, निदेशक एवं डॉ. सुनीता शुक्ला, विभागाध्यक्ष के दूरदर्शी मार्गदर्शन में आयोजित किया गया। कार्यक्रम का सफल संचालन एवं समन्वयन डॉ. दीपक शर्मा एवं शालू त्यागी द्वारा किया गया, जिनके समर्पित प्रयासों से कार्यक्रम का आयोजन सुचारु रूप से सम्पन्न हुआ।कार्यक्रम के अंत में प्रतिभागियों ने प्रशिक्षण की उपयोगिता, विषय-वस्तु की प्रासंगिकता तथा विशेषज्ञ वक्ताओं के मार्गदर्शन की सराहना की। यह स्टाफ डेवलपमेंट प्रोग्राम प्रतिभागियों के लिए अत्यंत लाभकारी सिद्ध हुआ तथा उन्हें भविष्य की चुनौतियों का सामना करने के लिए आवश्यक कौशल एवं ज्ञान प्रदान करने में सफल रहा।




