जेवर में विकास परियोजनाओं को मिली बड़ी मंजूरी, किसानों की भूमि खरीद दर भी बढ़ी । स्टेडियम, मेडिकल हब, यूनिवर्सिटी टाउनशिप, आधुनिक मंडी और अंतरराज्यीय बस अड्डे के लिए भूमि चिन्हित करने का फैसला
जेवर में विकास परियोजनाओं को मिली बड़ी मंजूरी, किसानों की भूमि खरीद दर भी बढ़ी
स्टेडियम, मेडिकल हब, यूनिवर्सिटी टाउनशिप, आधुनिक मंडी और अंतरराज्यीय बस अड्डे के लिए भूमि चिन्हित करने का फैसला

जेवर। यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यीडा) की 92वीं बोर्ड बैठक में जेवर क्षेत्र के किसानों, युवाओं, विद्यार्थियों, खिलाड़ियों और आम नागरिकों के हित से जुड़े कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए। बैठक में किसानों से आपसी सहमति के आधार पर खरीदी जाने वाली भूमि की दर बढ़ाने के साथ-साथ मेडिकल हब, अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम, यूनिवर्सिटी टाउनशिप, आधुनिक मंडी और अंतरराज्यीय बस अड्डे जैसी बड़ी परियोजनाओं के लिए भूमि चिन्हित करने को मंजूरी दी गई।जेवर विधायक धीरेंद्र सिंह द्वारा इन मुद्दों को लेकर शासन, सरकार और प्राधिकरण स्तर पर लगातार की जा रही पैरवी के बाद बोर्ड बैठक में लिए गए फैसलों को क्षेत्र के विकास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
किसानों की भूमि खरीद दर में वृद्धि
बोर्ड बैठक में किसानों से आपसी सहमति के आधार पर खरीदी जाने वाली भूमि की वर्तमान दर 4,300 रुपये प्रति वर्गमीटर से बढ़ाकर 4,558 रुपये प्रति वर्गमीटर कर दी गई है। इसके अलावा किसानों को 4,037 रुपये प्रति वर्गमीटर के साथ 7 प्रतिशत आबादी भूखंड का विकल्प भी उपलब्ध कराया गया है। यह व्यवस्था प्रथम चरण में गौतमबुद्ध नगर और बुलंदशहर में नियोजित विकास के लिए आपसी सहमति से खरीदी जाने वाली उपयोगी भूमि पर लागू होगी।
मेडिकल हब से लेकर अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम तक
बोर्ड ने सेक्टर-13 और 14 में करीब 500 एकड़ भूमि पर मेडिकल हब, सेक्टर-14 में 480 एकड़ में यूनिवर्सिटी टाउनशिप, सेक्टर-34 में करीब 36 एकड़ में आधुनिक मंडी तथा सेक्टर-23डी में लगभग 50 एकड़ में आधुनिक अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम विकसित करने के लिए भूमि चिन्हित करने का निर्णय लिया है।नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से भविष्य में बढ़ने वाली यात्री संख्या को देखते हुए सेक्टर-23सी में अंतरराज्यीय बस अड्डे की स्थापना के लिए भी भूमि चिन्हित करने का फैसला किया गया है।
औद्योगिक निवेश और रोजगार को मिलेगा बढ़ावा
औद्योगिक विकास के क्षेत्र में भी बोर्ड बैठक में अहम निर्णय लिए गए। सेक्टर-6 में करीब 300 एकड़ में Taiwan City तथा लगभग 100 से 125 एकड़ भूमि पर फार्मास्यूटिकल फार्मूलेशन मैनुफैक्चरिंग क्लस्टर विकसित किए जाने की दिशा में निर्णय लिया गया है। इन परियोजनाओं से क्षेत्र में औद्योगिक निवेश और रोजगार के नए अवसर पैदा होने की उम्मीद है।
जेवर विधायक धीरेंद्र सिंह ने कहा कि जेवर के किसानों को उनकी जमीन का बेहतर मूल्य मिले और विकास का वास्तविक लाभ स्थानीय लोगों तक पहुंचे, इसके लिए पिछले कई दिनों से शासन, सरकार और प्राधिकरण स्तर पर लगातार संवाद और पैरवी की जा रही थी। भूमि खरीद दर में हुई वृद्धि को उन्होंने इसी सकारात्मक प्रयास का परिणाम बताया।
उन्होंने कहा कि किसान ने विकास के लिए अपनी जमीन दी है, इसलिए विकास की बढ़ती कीमत में किसान की हिस्सेदारी भी न्यायसंगत रूप से बढ़नी चाहिए।विधायक ने कहा कि यह केवल मुआवजे की बात नहीं है, बल्कि जेवर को भविष्य की जरूरतों के अनुरूप शिक्षा, स्वास्थ्य, खेल, परिवहन और रोजगार का मजबूत केंद्र बनाने की दिशा में भी महत्वपूर्ण कदम उठाए गए हैं। अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम, मेडिकल हब, यूनिवर्सिटी टाउनशिप, आधुनिक मंडी और बस अड्डे जैसी परियोजनाएं आने वाले वर्षों में जेवर की तस्वीर बदलने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी।
उन्होंने बताया कि गौतमबुद्ध नगर के अन्य दोनों प्राधिकरणों—नोएडा और ग्रेटर नोएडा—में भी किसानों के मुआवजे और भूमि दरों में वृद्धि को लेकर शासन तथा संबंधित स्तरों पर प्रयास जारी हैं। उन्होंने जल्द सकारात्मक निर्णय होने की उम्मीद जताई।जेवर विधायक ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि प्रदेश सरकार ने जेवर के किसानों के हित और क्षेत्र के समग्र विकास को प्राथमिकता दी है। उन्होंने कहा कि किसानों की भूमि दर में वृद्धि के साथ-साथ स्टेडियम, मेडिकल हब, यूनिवर्सिटी टाउनशिप, आधुनिक मंडी और बस अड्डे जैसी योजनाओं को आगे बढ़ाने के लिए वह जेवर की जनता की ओर से मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त करते हैं।धीरेंद्र सिंह ने कहा कि नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के साथ जेवर उत्तर प्रदेश के औद्योगिक विकास का नया केंद्र बन रहा है। उनका प्रयास है कि इस विकास की पहली हिस्सेदारी उस किसान, नौजवान और स्थानीय नागरिक को मिले, जिसकी जमीन और सहयोग से क्षेत्र में विकास की नई नींव तैयार हो रही है।




