ग्रेटर नोएडा में प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और आईबीए की कार्यशाला, 70 से अधिक उद्यमियों ने सीखे पर्यावरणीय नियम
ग्रेटर नोएडा में प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और आईबीए की कार्यशाला, 70 से अधिक उद्यमियों ने सीखे पर्यावरणीय नियम
उद्योगों को सीटीई-सीटीओ, वायु प्रदूषण नियंत्रण और नवीनतम पर्यावरणीय मानकों की दी गई जानकारी

ग्रेटर नोएडा, 10 अक्टूबर। उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय कार्यालय, ग्रेटर नोएडा और इंडस्ट्रियल बिजनेस एसोसिएशन (आईबीए), गौतम बुद्ध नगर के संयुक्त तत्वावधान में सेक्टर-31, इकोटेक-1 स्थित आईबीए मुख्यालय में उद्यमी जागरूकता एवं संवाद कार्यशाला आयोजित की गई। इसमें 70 से अधिक उद्यमियों और औद्योगिक प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया। कार्यशाला में उद्योगों को पर्यावरणीय नियमों, वायु प्रदूषण नियंत्रण और नवीनतम अनुपालन प्रक्रियाओं की जानकारी दी गई।
कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी विकास मिश्रा और उनकी तकनीकी टीम ने उद्योगों के लिए लागू पर्यावरणीय नियमों और मानकों की विस्तार से जानकारी दी। अधिकारियों ने वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (सीएक्यूएम) के दिशा-निर्देशों, औद्योगिक प्रदूषण पर नियंत्रण और पर्यावरण संरक्षण के उपायों पर प्रकाश डाला।
कार्यशाला में उद्योगों की श्वेत, हरित, नारंगी और लाल श्रेणियों में वर्गीकरण व्यवस्था, स्थापना की सहमति (सीटीई) और संचालन की सहमति (सीटीओ) प्राप्त करने की प्रक्रिया समझाई गई। इसके साथ ही वायु प्रदूषण नियंत्रण उपकरणों, स्क्रबर, बैग फिल्टर, डस्ट कलेक्टर, चिमनी, बॉयलर, भट्ठी, ओवन, हीट ट्रीटमेंट, पाउडर कोटिंग और इलेक्ट्रोप्लेटिंग जैसी औद्योगिक प्रक्रियाओं में आवश्यक पर्यावरणीय मानकों की जानकारी दी गई।
डीजी सेट से संबंधित दिशा-निर्देशों पर भी चर्चा हुई। अधिकारियों ने जनरेटरों के लिए लागू प्रावधानों, उत्सर्जन मानकों, चिमनी की निर्धारित ऊंचाई, ध्वनि नियंत्रण और अन्य पर्यावरणीय आवश्यकताओं के बारे में बताया। साथ ही उद्योगों को निरीक्षण के दौरान जरूरी दस्तावेजों, सामान्य त्रुटियों, विभागीय नोटिस और पर्यावरणीय क्षतिपूर्ति से जुड़े प्रावधानों की जानकारी दी गई।
कार्यशाला के दौरान उद्यमियों ने अपनी औद्योगिक इकाइयों से संबंधित तकनीकी और कानूनी सवाल पूछे। अधिकारियों ने सवालों के जवाब देते हुए समस्याओं के समाधान और नियमों के अनुपालन के व्यावहारिक तरीके समझाए।
क्षेत्रीय अधिकारी विकास मिश्रा ने आईबीए की इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड का उद्देश्य उद्योगों को जागरूक करना और पर्यावरणीय नियमों का प्रभावी अनुपालन सुनिश्चित कराना है। उन्होंने कहा कि तकनीकी या पर्यावरणीय समस्याओं के समाधान के लिए उद्यमी विभाग से संपर्क कर सकते हैं। उन्होंने भविष्य में भी आईबीए के सहयोग से ऐसे कार्यक्रम आयोजित करने की इच्छा जताई।
आईबीए अध्यक्ष अमित कुमार उपाध्याय ने कहा कि वर्तमान समय में प्रत्येक उद्योग के लिए पर्यावरणीय नियमों की सही जानकारी और समय पर उनका पालन करना बेहद जरूरी है। आईबीए उद्योगों के हितों की रक्षा करने और उन्हें नवीनतम सरकारी नियमों से अवगत कराने के लिए विभिन्न विभागों के सहयोग से ऐसे जागरूकता एवं संवाद कार्यक्रम आयोजित करता रहेगा। उन्होंने उद्यमियों से पर्यावरण संरक्षण को अपनी औद्योगिक और सामाजिक जिम्मेदारी मानते हुए निर्धारित नियमों का पालन करने की अपील की।
कार्यक्रम में आईबीए महासचिव सुनील दत्त शर्मा, वरिष्ठ उपाध्यक्ष कृष्ण शर्मा, उपाध्यक्ष अजय राणा, कोषाध्यक्ष राकेश अग्रवाल, संयुक्त सचिव विकास राय, सेक्टर सचिव वीरेन्द्र प्रताप रावल, कार्यकारिणी सदस्य सिमरन खत्री, संजय पंचाल, हर्ष कुमार, विमलेश कुमार, सन्नी कुमार, संजय त्यागी, मुकेश कुमार, पूरन कुमार और राहुल नम्बरदार सहित संगठन के वरिष्ठ सदस्य जेद रहमान तथा सदस्य डॉ. चंचल कुमार वार्ष्णेय, चरणजीत सिंह सलूजा और अनूप कुमार सिंह समेत बड़ी संख्या में उद्यमी एवं औद्योगिक प्रतिनिधि मौजूद रहे।




