असम के मुख्यमंत्री हिमंता विश्वसर्मा द्वारा मल्लिकार्जुन खड़गे के खिलाफ दिए गए अशोभनीय एवं अमर्यादित बयान के विरोध में किया विरोध प्रदर्शन,जिलाधिकारी को सौंपा ज्ञापन।
असम के मुख्यमंत्री हिमंता विश्वसर्मा द्वारा मल्लिकार्जुन खड़गे के खिलाफ दिए गए अशोभनीय एवं अमर्यादित बयान के विरोध में किया विरोध प्रदर्शन,जिलाधिकारी को सौंपा ज्ञापन।

ग्रेटर नोएडा ।असम के मुख्यमंत्री असम के मुख्यमंत्री हिमंता विश्वसर्मा द्वारा देश की सबसे पुरानी और लोकतंत्र की आधारशिला रही भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के खिलाफ दिए गए अशोभनीय एवं अमर्यादित बयान के विरोध में आज जिला-शहर कांग्रेस कमेटी गौतमबुद्ध नगर द्वारा जिला मुख्यालय सूरजपुर, गौतमबुद्धनगर पर जोरदार विरोध प्रदर्शन कर हिमंता विश्वसर्मा का पुतला दहन किया गया।
दोपहर 12 बजे शुरू हुए इस विरोध प्रदर्शन में कांग्रेस कार्यकर्ताओं का भारी जनसैलाब उमड़ा। प्रदर्शन के दौरान पुलिस प्रशासन के साथ तीखी नोकझोंक धक्कामुक्की हुई कांग्रेस पार्टी के आक्रोशित कार्यकर्ताओं ने जिला कलेक्ट्रेट के मुख्य द्वार पर पुलिस की तानाशाही और छीनाझपटी के बीच असम के मुख्यमंत्री हिमंता विश्वसर्मा का पुतला दहन किया इस दौरान जिला अध्यक्ष दीपक चोटीवाला और वरिष्ठ कांग्रेस नेता गौतम अवाना चोटिल भी हुए है। इसके बाद कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने भा०ज०पा की दलित विरोधी एवं विभाजनकारी सोच के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए कलेक्ट्रेट में प्रवेश किया।कलेक्ट्रेट परिसर में आंदोलित वक्ताओं ने जमकर भारतीय जनता पार्टी की जहरीली मानसिकता पर कटाक्ष किया। इसके पश्चात कांग्रेस प्रतिनिमंडल ने जिला अधिकारी मेधा रूपम को ज्ञापन सौंपकर माँग की और स्पष्ट किया कि जब तक हिमंता विश्वसर्मा पर गंभीर कार्यवाही नही की जाती तब तक कांग्रेस का आंदोलन जारी रहेगा।कांग्रेस के राष्ट्रीय मीडिया चेयरमैन पवन खेड़ा द्वारा हिमंता विश्वसर्मा पर लगाए गए पुख्ता आरोपों का स्पष्टीकरण मांगते हुए की तत्काल बर्खास्तगी की मांग की।प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे जिला अध्यक्ष दीपक भाटी चोटीवाला ने तीखे शब्दों में कहा कि आज भारतीय जनता पार्टी का असली चेहरा देश के सामने आ चुका है। एक दलित नेता, जो अपने लंबे राजनीतिक अनुभव और संघर्ष के दम पर राष्ट्रीय अध्यक्ष के पद तक पहुंचे हैं, उनके खिलाफ इस प्रकार की अभद्र भाषा का इस्तेमाल करना भाजपा की घृणित मानसिकता को दर्शाता है। हिमांता विश्वसर्मा को तत्काल अपने पद से हटाया जाना चाहिए, अन्यथा कांग्रेस पार्टी सड़कों से संसद तक इस लड़ाई को और तेज करेगी।
उन्होंने आगे कहा कि भाजपा सत्ता के नशे में इतनी चूर हो चुकी है कि उसे न संविधान की मर्यादा की परवाह है और न ही सामाजिक सौहार्द की। यह वही पार्टी है जो दलितों और वंचितों के सम्मान की सिर्फ बात करती है, लेकिन असल में उनका अपमान करती है।नोएडा नगर अध्यक्ष मुकेश यादव ने कहा कि भाजपा और उसके नेताओं की भाषा दिन-प्रतिदिन गिरती जा रही है। हिमंता विश्वसर्मा का बयान न केवल निंदनीय है बल्कि यह देश के सामाजिक ताने-बाने को तोड़ने की साजिश का हिस्सा है। कांग्रेस पार्टी इस तरह की जहरीली राजनीति को कभी सफल नहीं होने देगी।संगठन प्रभारी मुकेश शर्मा ने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर भाजपा ने अपने नेताओं पर लगाम नहीं लगाई तो आने वाले समय में जनता उन्हें करारा जवाब देगी। कांग्रेस पार्टी हर स्तर पर इस मुद्दे को उठाएगी और दलित समाज के सम्मान की रक्षा के लिए निर्णायक संघर्ष करेगी।
आक्रोश प्रदर्शन में मुकेश शर्मा, गौतम अवाना, नीरज लोहिया, निशा शर्मा, रिजवान चौधरी, हरेंद्र शर्मा, सुरेंद्र प्रताप सिंह, पवन शर्मा, श्रुति कुमारी, धर्म सिंह जीनवाल, सूबेदार सतपाल सिंह, विजयनगर नेताजी, , धर्मवीर प्रधान, बिन्नू भाटी नेताजी, किशन शर्मा, कपिल भाटी, आर के प्रथम, रमेश चंद यादव, पुनीत मावी, दयानंद नागर, देवेश चौधरी, सुबोध भट्ट, रमेश वाल्मीकि, तनवीर अहमद, अरविंद रेक्सवाल, अमित कुमार, प्रिंस भाटी, जगदीश नागर, धीरा सिंह, रमेश चंद जीनवाल, डॉ रतन पाल, अब्दुल वाहिद, राहुल भाटी, बीरेंद्र सिंह, सत्य पाल, हवलदार वीरेन्द्र, मोहित भाटी, सचिन शर्मा, सतीश शर्मा, विपिन त्यागी, सोनू प्रधान, एस एस सिसोदिया, दीपक, नीरज, सोनू खारी, राजेश पुजारी मांगे राम चौधरी, रमेश प्रजापति, लोकेश बेनीवाल आदि लोग मौजूद रहें।




