हीटवेव से बचाव को लेकर आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा एडवाइजरी जारी, सावधानी बरतने की अपील
हीटवेव से बचाव को लेकर आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा एडवाइजरी जारी, सावधानी बरतने की अपील

गौतमबुद्धनगर। भारत मौसम विज्ञान विभाग एवं मौसम केन्द्र लखनऊ द्वारा प्रभाव आधारित मौसम पूर्वानुमान के दृष्टिगत आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा हीटवेव से सुरक्षा हेतु क्या करें एवं क्या न करें के संबंध में विस्तृत एडवाइजरी जारी की गई है ताकि जनसामान्य इन उपायों को अपनाकर स्वयं को सुरक्षित रख सकें।

क्या करें-
हीटवेव से बचाव हेतु घर से बाहर निकलते वक्त छाता / टोपी / गमछा तथा पानी, साथ मे अवश्य रखें।
हीटवेव से बचाव हेतु बाहर निकलते वक्त फुल आस्तीन के, हल्के रंगे के, सूती कपड़ों का ही प्रयोग करें। यदि आपका कार्य बाहर का हो समय-समय पर गीले कपडे को चेहरे सिर और गर्दन पर रखें।
ताजा एवं हल्के भोजन का प्रयोग करें, मौसमी फलों एवं सब्जियों जैसे-खीरा, ककडी, तरबूज आदि का प्रयोग प्रचुर मात्रा में करें।
तरल / पेय पदार्थ का प्रयोग अधिक से अधिक मात्रा में करें। जैसे-लस्सी, नमक चीनी पानी का घोल, नीबू पानी, छांछ, आम का पन्ना, गन्ने का रस इत्यादि हीटवेव में घबराहट होना, चक्कर आना, सिर दर्द, शरीर में भारी पन महसूस होना उल्टी आना, मांसपेशियों में एठन, बुखार आना, पसीना न आना, बेहोश होना, जैसी परिस्थितियों में छाव देखकर तुरन्त आराम करें या करवायें, कपडों को ढीला करें, अगर शेड, पंखा / कूलर उपलब्ध हो, तो उसका प्रयोग करें। पानी/गीले कपडें से मुँह या सिर धोएं। अगर बेहोश न हो तो ठण्डा पानी पिलाए तथा व्यक्ति के पैर ऊपर कर के लिटा दें। जरूरत पड़ने पर 108 एम्बुलेन्स का प्रयोग करें।
क्या न करें
दोपहर में 12:00 से 3:00 बजे के बीच अनावश्यक रूप से बाहर न निकलें।
गाढे रंग के कपड़े तथा सूती के आलावा अन्य किसी प्रकार के कपड़ों को पहनने से बचें।
ठण्डे / बासी भोजन तथा ज्यादा तेल मासले वाले भोजन का प्रयोग करने से बचें। उच्च प्रोटीन युक्त खाद्य पदार्थ का सेवन करने से बचे।
चाय/कॉफी का सेवन कम-से-कम करें। शराब पीने से बचें। यह शरीर को निर्जिलत कर सकते है।
घबराहट जैसी परिस्थितियों में कहीं पहुँचने या जाने का प्रयास न करें। बिना किसी चिकितसीय परामर्श के किसी भी दवाईयों के सेवन से बचें। बच्चों को व पालतू जनवारों को बन्द वाहनों में कभी भी अकेले न छोड़ें।उन्होंने यह भी बताया कि किसी भी प्रकार की स्वास्थ्य संबंधी समस्या या चोट लगने की स्थिति में तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क करें, ताकि समय रहते उपचार उपलब्ध कराया जा सके




